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आखिर क्यों होंगे सीबीआई कोर्ट में पेश राजस्थान के पूर्व राज्यपाल कल्याण सिंह

लखनऊ. राजस्थान के पूर्व राज्यपाल और प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह शुक्रवार को यहां अयोध्या ढांचा विध्वंस की सुनवाई कर रही सीबीआई कोर्ट में हाजिर होंगे। 6 दिसंबर 1992 को जब ढांचा गिराया गया था, तब कल्याण सिंह ही प्रदेश के मुख्यमंत्री थे। राजस्थान का राज्यपाल होने के कारण कल्याण सिंह को इस मामले में अब […]

लखनऊ. राजस्थान के पूर्व राज्यपाल और प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह शुक्रवार को यहां अयोध्या ढांचा विध्वंस की सुनवाई कर रही सीबीआई कोर्ट में हाजिर होंगे। 6 दिसंबर 1992 को जब ढांचा गिराया गया था, तब कल्याण सिंह ही प्रदेश के मुख्यमंत्री थे।

राजस्थान का राज्यपाल होने के कारण कल्याण सिंह को इस मामले में अब तक अनुच्छेद 361 के तहत कार्रवाई से छूट मिली थी। स्पेशल सीबीआई कोर्ट ने कल्याण सिंह को बाबरी मस्जिद विध्वंस से जुड़े आपराधिक साजिश के मामले में पेश होने का आदेश दिया था।

कल्याण सिंह को छोड़कर बाकी आरोपियों को कोर्ट से जमानत मिली हुई है। कल्याण सिंह को 3 सितंबर, 2014 को पांच साल के लिए राज्यपाल नियुक्त किया गया था। राज्यपाल के रूप में उनका कार्यकाल पिछले दिनों ही खत्म हुआ है।

सीबीआई ने 1993 में अन्य अभियुक्तों के साथ-साथ कल्याण सिंह के खिलाफ भी आरोपपत्र दाखिल किया था।

सीबीआई की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने 19 अप्रैल 2017 को आदेश दिया था, जिसमें कल्याण सिंह के अलावा लालकृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, पूर्व सीएम उमा भारती, साध्वी ऋतंभरा, महंत नृत्यगोपाल दास, विनय कटियार, सतीश प्रधान, चंपत राय बंसल, विष्णु हरि डालमिया, नृत्य गोपाल दास, सतीश प्रधान, आरवी वेदांती, जगदीश मुनि महाराज, बीएल शर्मा (प्रेम) और धर्म दास को आरोपी मानते हुए मुकदमा चलाने की बात कही थी।